
दल्ली राजहरा
बुधवार 18 मार्च 2026
भोजराम साहू 9893 765541
छत्तीसगढ़ मुक्ति मोर्चा , छत्तीसगढ़ माइंस श्रमिक संघ, जिला किसान संघ बालोद ,ने प्रदेश की मौजूदा सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि राज्य सरकार के कारनामों की पोल एक बार फिर आम जनता के सामने खुलकर आ गई है। मोर्चा का आरोप है कि प्रदेश में चोरी-छिपे और सरकार के संरक्षण में सूखे नशे के कारोबार को बढ़ावा दिया जा रहा है तथा सत्तारूढ़ दल से जुड़े लोगों को इस तरह की गतिविधियों में खुली छूट मिल रही है।

मोर्चा ने कहा कि इससे ऐसा प्रतीत होता है मानो सरकार किसानों की आय बढ़ाने के नाम पर नए-नए प्रयोग कर रही हो। यदि समय रहते इसे रोका नहीं गया, तो कहीं ऐसा न हो कि धान के कटोरे के रूप में पहचाने जाने वाला छत्तीसगढ़ भविष्य में अफीम की खेती के लिए कुख्यात हो जाए।

छत्तीसगढ़ माइंस श्रमिक संघ दल्ली राजहरा के अध्यक्ष सोमनाथ उइके ने कहा कि पहले भी जब रमन सिंह सरकार के नेतृत्व में बीजेपी की सरकार थी, तब राज्य में रतनजोत की खेती को बड़े स्तर पर बढ़ावा देने की योजना बनाई गई थी। उस समय यह तक कहा गया था कि छत्तीसगढ़ को रतनजोत उत्पादन के बड़े केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा और देश के राष्ट्रपति से घोषणा भी करवाया गया था कि छत्तीसगढ़ को रतनजोत का कटोरा कहा जाए, मोर्चा ने उस समय भी उसका खुलकर विरोध किया था और राष्ट्रपति को पत्र लिखकर आगाह भी किया था। अब वर्तमान सरकार के दौर में अफीम की अवैध खेती के मामले सामने आना कई गंभीर सवाल खड़े करता है।





