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डौंडी में सड़क पर खड़े ट्रक के अचानक मोड़ देने से हादसे में घायल युवक की हुई मौत ।

दल्ली राजहरा
मंगलवार 20 जनवरी 2025
भोज राम साहू 9893765541
👉 शनिवार 17 जनवरी की शाम राम मंदिर के पास डौडी की है घटना l
👉 मृतक कमलेश सिन्हा उम्र 25 वर्ष लिमहा टोला के निवासी।
👉 मृतक घर का था इकलौता बेटा l
👉लौह नगरी दल्ली राजहरा में भी हो सकती है कभी भी दुर्घटनाये ।
👉पत्रकारों की नहीं सुनते नगर पालिका और ना ही पुलिस प्रशासन ।

➡️🔥💥समाचार 💥🔥⬅️
डौंडी नगर में सड़क दुर्घटना में लिमहाटोला निवासी 25 वर्षीय कमलेश सिन्हा नाम के युवक की जान चली गई। घटना बीते शनिवार 17 जनवरी शाम को घटित हुई थी, लेकिन वेंटिलेटर पर इलाज के दौरान कल सोमवार को युवक की मौत हो गई।
जानकारी के अनुसार ट्रक क्रमांक C G 08 _ V 6129 शनिवार शाम मुख्य मार्ग राम मंदिर के पास राजहरा की दिशा में ट्रक खड़ा हुआ था। वहीं पास से कमलेश अपनी बाइक में जा रहा था। इसी दौरान ट्रक ड्राइवर ने ट्रक को अचानक सड़क पर लापरवाही से मोड़ दिया । जिसके कारण ट्रक में लगे लोहे की राड से कमलेश का सिर और सीने में चोट लग गई और वह बाइक से नीचे गिर गया।

गंभीर हालत में स्थानीय शासकीय अस्पताल पहुंचाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें राजनांदगांव रेफर किया गया। दो दिन वेंटिलेटर पर रहने के बाद कल सोमवार शाम उनका निधन हो गया। स्वजन बताते हैं कि कमलेश घर के इकलौते बेटे थे। इस घटना से परिवार अत्यंत दुखी है।
नगरवासियों का कहना है कि माइंस की भारी वाहन दैनिक जीवन में खतरनाक स्थिति उत्पन्न कर रहे हैं। कुछ लोग मुख्य मार्ग पर खुलेआम खड़ी इन गाड़ियों पर भी सवाल उठा रहे हैं। डौंडी पुलिस ने ट्रक जब्त कर विवेचना शुरू कर दी ।
➡️🔥💥दल्ली राजहरा प्रशासन को भी है गंभीर दुर्घटना का इंतजार 🔥💥⬅️
यह तो हो गई डौंडी की बात लेकिन राजहरा भी इससे अछूता नहीं है कई बार पत्रकारों के द्वारा पुलिस प्रशासन और नगर पालिका परिषद के ध्यान आकर्षण करने के बावजूद अभी तक कोई ढंग से कार्यवाही नहीं हुई है ।जिसके कारण सड़कों पर गाड़ी खड़े करने वाले की हौसले आज भी बुलंद हैं । MVT सेंटर के आसपास ,राम मंदिर के आसपास ,गायत्री मंदिर के पास ,क्रिकेट ग्राउंड के पास तथा श्रम वीर चौक से लेकर माइन्स ऑफिस तक माल वाहक गाड़ी तथा छोटे चार पहिया गाड़ी खड़े रहते हैं साथ ही राम मंदिर से जेडी ऑफिस तक गाड़ी खड़ी कर देने से कारण रास्ते सकरे हो जाते हैं ।

यही स्थिति मुख्य मार्ग पर ही भी है पुराना बाजार से लेकर चिखला कसा के बीच गाड़ियां खड़ी कर देने से रोड सकरी हो जाती है । नो एंट्री खुलने से गाड़ियों की भीड़ बढ़ जाने से पैदल चलने वालों को भी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है । लगभग 100 फीट तक मुख्यमार्ग पर तो फल दुकान वालों का कब्जा है। कई बार हटाने के बावजूद सड़को पर कब्जा जमा कर दुकान लगाते हैं ।

यहां तक की स्वामी आत्मानंद स्कूल में जहां नन्हे मुन्ने बच्चे पढ़ते हैं वहां पर भी इन वाहन मालिकों के द्वारा बड़ी-बड़ी गाड़ी खड़ी कर दिए जाते हैं । लगभग 11:30 के आसपास यहां छुट्टी होती है यही समय ट्रेन आने का होता है । एक तरफ बच्चे घर जाने की खुशी में दौड़ते हुए स्कूल से निकलते हैं और इधर ट्रेन छूट न जाए यह सोचकर लोग बड़ी तेजी से वाहन चलाकर रेलवे स्टेशन की तरफ अपने परिजन को छोड़ने जाते हैं । ऊपर से इस तरह के संवेदनशील जगहों पर गाड़ी खड़ी कर दी जा रही है । अगर कोई गंभीर दुर्घटना घटती है तो इसकी जिम्मेदारी किसकी होगी ..?





