दल्ली राजहरा बुधवार 22 जुलाई 2026 भोजराम साहू 9893 765541 👉21 जुलाई से 5 दिवसीय प्रशिक्षण शुरू, 23 से 25 जुलाई तक साइट पर होगी हैंडहोल्डिंग ।👉ओडिशा-झारखंड हादसों के बाद विद्युत सुरक्षा पर विशेष सत्र, Six Golden Rules पर जोर । वीरेंद्र कुमार (महा प्रबंधन प्रशिक्षण सुरक्षा एवं पर्यावरण MVT सेंटर राजहरा ) ने बताया कि राजहरा समूह के खदानों में सुरक्षित कार्य संस्कृति को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से सीजी ग्रुप ऑफ माइंस के लिए आयोजित पाँच दिवसीय “माइन सेफ्टी मैनेजमेंट प्लान MSMP – इम्प्लीमेंटेशन एवं रिव्यू” प्रशिक्षण-सह-कार्यशाला का शुभारंभ 21 जुलाई को राजहरा में हुआ। इस कार्यशाला का लक्ष्य खदानों में सुरक्षा प्रबंधन प्रणाली को और प्रभावी बनाना तथा वैधानिक प्रावधानों का शत-प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित करना है।कार्यक्रम का उद्घाटन कार्यपालक निदेशक खदान श्री कमल भास्कर और मुख्य महाप्रबंधक खदान श्री आर. बी. गहरवार की उपस्थिति में हुआ। दोनों अधिकारियों ने कहा कि माइन सेफ्टी मैनेजमेंट प्लान का प्रभावी क्रियान्वयन ही सुरक्षित, दुर्घटनामुक्त और सतत खनन संचालन की आधारशिला है। उन्होंने जोर देकर कहा कि सुरक्षा के मामले में कोई समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। कार्यशाला के पहले दो दिन मेसर्स दत्ता माइनिंग कंसल्टेंसी के सुरक्षा विशेषज्ञ एवं पूर्व डीडीजी श्री एस. के. दत्ता ने राजहरा मैकेनाइज्ड माइंस, दल्ली मैकेनाइज्ड माइंस, झरनदल्ली, महामाया, हिर्री, कलवर, रावघाट और नंदिनी चूना पत्थर खदान के अधिकारियों तथा वरिष्ठ पर्यवेक्षकों को गहन सैद्धांतिक प्रशिक्षण दिया। प्रशिक्षण में प्रतिभागियों को MSMP की तैयारी, क्रियान्वयन, समीक्षा और सतत सुधार की पूरी प्रक्रिया विस्तार से समझाई गई। व्यावहारिक उदाहरणों और संवादात्मक सत्रों के माध्यम से जमीनी स्तर की शंकाओं का समाधान किया गया ताकि अधिकारी अपने-अपने खदानों में इस योजना को बेहतर ढंग से लागू कर सकें।हाल ही में ओडिशा और झारखंड समूह की खदानों में हुई विद्युत दुर्घटनाओं को ध्यान में रखते हुए कार्यशाला के दूसरे दिन “खदानों में विद्युत सुरक्षा” विषय पर विशेष तकनीकी सत्र आयोजित किया गया। इस सत्र में प्रतिभागियों को विद्युत सुरक्षा के Six Golden Rules की विस्तृत जानकारी दी गई और विद्युत कार्यों के दौरान अपनाई जाने वाली सुरक्षित कार्य प्रणालियों पर विशेष बल दिया गया। प्रतिभागियों ने इस सत्र की खूब सराहना की। प्रतिभागियों ने श्री एस. के. दत्ता की अनुभव आधारित और सरल प्रशिक्षण शैली की भी विशेष प्रशंसा की और कहा कि उनके मार्गदर्शन से सुरक्षा प्रबंधन की जटिल अवधारणाएं भी सहजता से समझ में आईं। यह कार्यशाला माइन वेस्टिब्यूल ट्रेनिंग सेंटर MVTC राजहरा द्वारा प्रभारी महाप्रबंधक श्री बिरेन्द्र कुमार के नेतृत्व में और सेल सेफ्टी ऑर्गेनाइजेशन SSO रांची के सहयोग से आयोजित की जा रही है। इस पूरे कार्यक्रम का मार्गदर्शन श्री कमल भास्कर और श्री आर.बी. गहरवार कर रहे हैं।कार्यशाला का अगला चरण 23 जुलाई से 25 जुलाई तक चलेगा। इस दौरान दल्ली मैकेनाइज्ड माइंस, राजहरा मैकेनाइज्ड माइंस और नंदिनी चूना पत्थर खदान में स्थल आधारित हैंडहोल्डिंग सत्र आयोजित किए जाएंगे। इन सत्रों में प्रत्येक खदान के वर्तमान माइन सेफ्टी मैनेजमेंट प्लान की समीक्षा की जाएगी, कमियों की पहचान की जाएगी और उनके प्रभावी क्रियान्वयन के लिए व्यावहारिक सुझाव दिए जाएंगे। सेल की यह पहल सुरक्षित, उत्तरदायी और सतत खनन के प्रति उसकी प्रतिबद्धता को दर्शाती है। इससे न केवल खदानों में सुरक्षा संस्कृति को नई मजबूती मिलेगी बल्कि कर्मचारियों का विश्वास भी बढ़ेगा। Spread the lovePost navigationदेवरी पुलिस का मारी बंगला पर डबल एक्शन: पहले 37 पाव शराब जब्त, फिर 7 आदतन विवादियों पर प्रतिबंधात्मक कार्रवाई । जन मुक्ति मोर्चा का अनिश्चितकालीन धरना वार्ता के बाद समाप्त, प्रबंधन ने मांगे मानने का दिया लिखित आश्वासन ।