दल्ली राजहरा बुधवार 21 अक्टूबर 2026 भोजराम साहू 9893 765541

 

 

 शहर में विजयादशमी का पर्व बड़े ही हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। श्री श्रमिक दुर्गा एवं दशहरा उत्सव समिति द्वारा नौ दिनों तक मां दुर्गा के नौ स्वरूपों की विधि-विधान से पूजा-अर्चना के बाद विजयादशमी के पावन अवसर पर शाम 7 बजे परंपरागत रूप से रावण दहन किया गया। बुराई पर अच्छाई की जीत के इस प्रतीक को देखने सैकड़ों श्रद्धालु उमड़े। इसके बाद देर रात भव्य जगराता कार्यक्रम का आयोजन हुआ।

शहीद नियोगी जी ने 1975 में रखी थी नींव
इस समिति का इतिहास केवल धर्म से नहीं, बल्कि मजदूर आंदोलन और श्रमिक एकजुटता से जुड़ा है सर जी। वर्ष 1975 में अमर शहीद कॉमरेड शंकर गुहा नियोगी जी ने इस समिति की शुरुआत की थी। उस दौर में हजारों मजदूर एकजुट होकर नवरात्रि मनाते थे। आज 51 साल बाद भी यह आयोजन श्रमिकों की एकता और सामुदायिक सहयोग का सबसे बड़ा प्रतीक बना हुआ है।

नई पीढ़ी ने संभाली विरासत

 

समिति अपने 51वें वर्ष में प्रवेश कर चुकी है। वार्ड क्र. 10, 11, 12 के युवा साथियों, मातृशक्ति और छत्तीसगढ़ माइंस श्रमिक संघ के श्रमिकों के अथक सहयोग से यह परंपरा आज भी निरंतर जारी है। नई पीढ़ी की भागीदारी ने शहीद नियोगी जी की इस विरासत को और भी जीवंत बना दिया है।

ये रहे मुख्य अतिथि

 

कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ माइंस श्रमिक संघ के अध्यक्ष सोमनाथ उइके, छत्तीसगढ़ मुक्ति मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष एवं पूर्व विधायक जनक लाल ठाकुर, वार्ड 11 के पार्षद निर्मल पटेल मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। कार्यक्रम का संचालन ईश्वर भुवर्या और हेमशंकर साहू ने किया।

समिति के अध्यक्ष राधेश्याम खरे, उपाध्यक्ष नम्मू यादव, कोषाध्यक्ष मोहन निर्मलकर, सचिव सुरेन्द्र साहू, अनिल ब्रह्मे सहित सभी सदस्यों ने अतिथियों का स्वागत किया। नौ दिनों तक पूजा कराने वाले पुजारी मिथलेश गोस्वामी और सेवक हितेश साहू, ओमेश देवदास, भूपेंद्र निर्मलकर का विशेष सहयोग रहा।

हमारा दल्ली राजहरा निष्पक्ष समाचार चैनल शहीद नियोगी जी की इस 51 वर्ष पुरानी गौरवशाली परंपरा को नमन करता है।
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Bhojram Sahu

By Bhojram Sahu

प्रधान संपादक "हमारा दल्ली राजहरा: एक निष्पक्ष समाचार चैनल"

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