दल्ली राजहरासोमवार 23 मार्च 2026भोजराम साहू 9893 765541कार्यालय छत्तीसगढ़ मुक्ति मोर्चा/छत्तीसगढ़ माइंस श्रमिक संघ दल्ली राजहरा कार्यालय में हुआ आयोजन छत्तीसगढ़ मुक्ति मोर्चा/ छत्तीसगढ़ माइंस श्रमिक संघ ने 23 मार्च दिन सोमवार को देश के महान स्वतंत्रता सेनानी भगत सिंह, सुखदेव थापर एवं शिवराम राजगुरु के शहादत दिवस के अवसर पर श्रद्धांजलि देकर उन्हें याद किया गया ।कार्यक्रम की शुरुआत शहीदों की चित्र पर माल्यार्पण व फूल अर्पित कर श्रद्धांजलि दी गई उसके साथ ही मोर्चा के वरिष्ठ सदस्य दिवंगत श्री सुब्रत चटर्जी जो फुटबॉल कोच रहे उनको भी श्रद्धांजलि दी गई। मोर्चा के पदाधिकारियों ने बताया कि यह दिवस देश के युवाओं में देशभक्ति, त्याग एवं बलिदान की भावना को जागृत करने का महत्वपूर्ण अवसर है। शहीदों के बताए मार्ग पर चलने का संकल्प भी इस अवसर पर लिया ।श्रद्धांजलि पश्चात विचार संगोष्ठी का कार्यक्रम प्रारंभ किया गया, कार्यक्रम का संचालन बिहारी लाल ठाकुर ने किया सभी वक्ताओं ने अपना विचार रखे।बसंत साहू: दुनिया और देश लगातार गर्त में जा रहा है ऐसे में हमें भगत सिंह के शहादत को याद करना चाहिए भगत सिंह अपने फांसी समय लेलीन किं पुस्तक पढ़ रहे थे वैसे ही नियोगी जी विचारकों की किताबें पढ़ते थे, हमे गंभीरता पूर्वक विचार करना चाहिए कि मेहनतकश जनता और पूंजीपति वर्गों किस स्थिति में खड़े है इस पर सोचना चाहिए, छत्तीसगढ़ में माओवादी खत्म करने के नाम पे आदिवासी को मारा जा रहा है, वहां के स्थानीय लोगो को हटा कर बस्तर के संसाधनों को लूटना चाह रहा है वर्तमान सरकार, शंकर गुहा नियोगी के विचारों पर अगर माओवादी चलते तो आज छत्तीसगढ़ की ऐसी दशा नहीं होती।लाडो (फुटबॉल खिलाड़ी शहीद सुदामा)ने हमें दल्ली राजहरा में फुटबॉल की शुरुआत करवाया था, हमने उन्हीं के मार्दशन में यहां फुटबॉल की शुरुआत किए था, शंकर गुहा नियोगी के मध्यम से हम सुकांत दादा मिले उन्हीं से हमने फुटबॉल सिखा, जब तक हम मैच नहीं जीत लेते तब तक वे खाना नहीं खाते थे, सगठन को इन्होंने सहयोग दिया उनका योगदान सराहनीय है।गैंद सिंह ठाकुर: कॉमरेड भगत सिंह, राजगुरु, सुखदेव, और फुटबॉल कोच सुकांत दादा को सदर नमन, आज इन शहीदों के शहादत को हम याद कर रहे है जब छत्तीसगढ़ मुक्ति मोर्चा की बात होती है और शंकर गुहा नियोगी ने भगत सिंह के मार्ग में आगे बढ़ कर कार्य किया और छत्तीसगढ़ मुक्ति मोर्चा/छत्तीसगढ़ माइंस श्रमिक संघ के सिपाहियों पर ये बड़ी जिम्मेदारी है,की इस मार्ग को आगे बढ़ाए, भगत ने असेम्बली में बड़ा धमाका किया और याद दिलाया था कि अब अन्याय नहीं होगा ऐसे ही वर्तमान सरकार के कानों में बडा धमाका करना होगा, आज देश के अंदर भारत सरकार जनता और किसानो के साथ क्या कर रही ये सबको पता है,किसानो द्वारा लाख विरोध करने पर भी अमेरिका भारत व्यापार समझौते हो रहा है इसके बाद किसानो की स्थिति दयनीय हो जाएगी।हेमंत कांडे ( उपाध्याय प्रदेश बौद्ध महासभा): नियोगी जी ने सुकांत दादा को कलकत्ता से यहां लाए थे, और फुटबॉल संघ का गठन किया गया, लेकिन सुकांत दादा फुटबॉल छोड़ने के फुटबॉल की आज क्या स्थिति है राजहरा में हम सभी जानते है, भगत सिंह केवल वास्तविकता के आधार पर काम करते थे, समाज को बदलने के लिए वैज्ञानिक गतिविधि के साथ काम करना होगा, आज सभी भावनाओं के आधार दिए जला रहे है लेकिन भगत सिंह के लिए कोई दिया नहीं जला रहा है, क्रांतिकारी कदम के लिए आपको दूसरे के पास जाने की आवश्यकता नहीं है, छत्तीसगढ़ मुक्ति मोर्चा छत्तीसगढ़ माइंस श्रमिक संघ के नेतृत्व में हम लगातार सरकार के गलत नीतियों के विरोध काम कर रहे है,धर्म विधेयक जो कानून बनाया गया है उस पर तत्काल लागू किया जा रहा है, लेकिन ये संविधान के विरुद्ध है, हमारा संविधान धर्म निरपेक्ष मान्यता देता है, भगत सिंह 23 साल के उमर में ही शहीद हुआ, उसके अंदर कितना देश भक्ति रही होगी इस पर हमे अमल करना चाहिए।डॉक्टर शैबाल जाना:( मुख्य चिकित्सा अधिकारी शहीद अस्पताल)इन शहीदों ने केवल 23 वर्ष के उम्र में शहीद हों गए, भगत स्वयं को नास्तिक हु कहा था, आज वो देश कहा जा रहा हमे इस पर विचार करना चाहिए,आज झूठ बोलने वाला का बोल बाला है इतिहास को उलट फेर कर अपने तरीके से बताया जा रहा है, देश के युवाओं को भटकाया जा रहा है, हमे इन शहीदों के विचारधारा के साथ चलना चाहिए गलत नीतियों के विरोध हमे आगे आए चाहिए।सोमनाथ उईके ( अध्यक्ष छत्तीसगढ़ माइंस श्रमिक संघ) शहीदों के शहादत का आज बहुत ही महत्वपूर्ण दिन है, जो व्यक्ति 12 साल के उमर में नवयुवक संघ बनाया था, ये काफी संघर्ष के साथ आगे बढ़े, उस समय ब्रिटिश सरकार को हिला कर रख दिया था, और अग्रेजों को भागने के लिए मजबूर किया , देश में धर्म जाती से उठ कर काम किया, देश के नौजवान ने जो क्रांति लाई थी उस डर से उन्हें तय फांसी के एक दिन पहले ही डर से फांसी पहले ही दे दी गई, आज साम्राज्यवाद देश में लगातार राज कर रहा है,और संसाधनों पर सरकार व पूंजीपति राज करना चाह रहा है।जनक लाल ठाकुर:( पूर्व विधायक एवं अध्यक्ष प्रदेश किसान मोर्चा) देश की आजादी में इन शहीदों महत्वपूर्ण का योगदान है, तीनों का जन्म एक ही वर्ष में हुआ ये संयोग ने देश में क्रांति जो जन्म दिया, जो कुछ करने का विचार करते है, वो देश और दुनिया को सही दिशा देते है, नियोगी जी ने भी इसी तरह रास्ता निकला और संघर्ष और निर्माण का रास्ता अमल किया, हम जाति, और धार्मिक आयोजन करके देश की दिशा में क्या बदलवा किए है हमे सोचना चाहिए, हमे भगत सिंह, राजगुरु, सुखदेव के विचारों का अनुसरण करना चाहिए, देश की सरकार बहरी है जो आम जनता के मांगो और आवश्यकताओं को नहीं सुनती ।प्रदेश में ठगो का बाजार बनता जा रहा है, लगातार देश में पूंजीपति हावी होते जा रहा है, मजदूर किसानो पर लगातार शोषण हो रहा है भारत अमेरिका व्यापार समझौते से मजदूर किसान सीधा प्रभावित होगा और वे घुमंतू प्रवृति का हो जाएगा अब तब छत्तीसगढ़ का मजदूर किसान घुमंतू प्रवृति का नहीं था, अब राज्य में अफीम की खेती द्वारा बड़े बड़े व्यापारियों को छत्तीसगढ़ में शरण दिया जा रहा है, ऐसे तमाम गलत नीतियों के विरोध में हमें मिलकर इसके खिलाफ लड़ना होगा, हमे संगठित होकर आगे आना होगा,देश के महान क्रांतिकारियों से हमे सीखना होगा।कार्यक्रम में उपस्थिति सभी साथी व मेहमानों का उन्होंने आभार व्यक्त किया और कार्यक्रम का समापन किया।कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ माइंस श्रमिक संघ के अध्यक्ष सोमनाथ उइके, कोषाध्यक्ष राजाराम बरगद, महामंत्री रामचरण नेताम, अमर सिंह, राजेश, महेश , नम्मू यादव, नासिक यादव अनिल, राधेश्याम,पुरुषोत्तम, शैलेश बम्बोडे, इंद्रपाल, श्रवण, हितेश रवि,रूपेश, तोरण,पिंटू यूके, खिलेश, विक्की रामटेके, ओमप्रकाश,छत्तीसगढ़ मुक्ति मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष जनक लाल ठाकुर, प्रेम नारायण वर्मा, लालन साहू, बसंत साहू, सुखलाल, बौद्ध समाज से हेमंत कांडे जी मोर्चा के सभी पदाधिकारी एवं सदस्य शहीद अस्पताल से डॉक्टर शैबाल जाना, डॉक्टर उमेश, वेद कुमार, बिहारी लाल, जेवेल शाह,धनी राम,मोना, अस्पताल के नर्स व स्टाफ ,महिला मोर्चा के पदाधिकारी सावित्री जगनायक, नीलेश्वरी, चंद्रिका,बसंती, जोहतरीं ,जिला किसान संघ बालोद से गैंद सिंह ठाकुर, मुरारी प्रजापति,सुरेश ,समारु, घना राम कचरू ,प्रेम लाल, देवेंद्र,और, परिवहन संघ के सदस्य,शहीद सुदामा फुटबॉल क्लब के सदस्य,विल्सन,गजेंद्र,लाडो, शेखर पावर, सतीश विल्सन,तपन जाना रायपुर, भिलाई, राजनांदगांव,लोहारा, डौंडी व श्रमिक संघ के सभी युवा साथी सैकड़ों की संख्या में शामिल होकर शहीदों के आदर्शों को याद किया।Spread the lovePost navigationसीता राम साहू ने बेटी के सगाई में वर पक्ष को पौधा भेंट कर तथा जल संरक्षण का दिया संदेश। नगर पालिका अध्यक्ष और वार्ड पार्षद ने की रेल्वे स्टेशन रोड के डामरीकरण का निरीक्षण।