दल्ली राजहरारविवार 21 जून 2026भोजराम साहू 9893 765541 लंबे समय से चली आ रही मांग पूरी, जलकैना में शांतिपूर्ण हुआ देव-आराधना जामड़ी पाट में कल का दिन आदिवासी समाज के लिए ऐतिहासिक रहा। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की संवेदनशील पहल के बाद समाज ने अपनी गौरवशाली परंपरा के अनुसार जलकैना में भव्य अनुष्ठान किया।विगत दिनों आदिवासी समाज के पदाधिकारियों ने मुख्यमंत्री से मुलाकात कर जामड़ी पाट में देव अर्चना और जलकैना में पारंपरिक अनुष्ठान की अनुमति की मांग रखी थी। समाज की भावनाओं का सम्मान करते हुए मुख्यमंत्री ने तुरंत बालोद जिला प्रशासन को आवश्यक व्यवस्था के निर्देश दिए।मुख्यमंत्री के आदेश पर प्रशासन की देखरेख में अनुष्ठान शांतिपूर्ण और सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न हुआ। जलकैना में समाज के लोगों ने पारंपरिक मान्यताओं के साथ देव-आराधना की। इस निर्णय से समाज में उल्लास का माहौल है।पहल का महत्व आदिवासी समाज ने मुख्यमंत्री की इस पहल की सराहना की है। यह निर्णय सिर्फ अनुमति नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ की आदिवासी सांस्कृतिक धरोहर और धार्मिक आस्थाओं के संरक्षण के प्रति राज्य सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।Spread the lovePost navigationसंडे मेघा स्टोरी में “विश्व योग दिवस” के पूर्व संध्या में आज पढ़िए योग गुरु आदरणीय मूलचंद सेठी जी की कहानी जो 40 वर्षों से योग की शिक्षा दल्ली राजहरा में नि:शुल्क दे रहे हैं l विश्व योग दिवस: व्यवहार न्यायालय दल्ली राजहरा में जज से लेकर वकील तक ने किया योगाभ्यास…!