दल्ली राजहरा रविवार 26 जुलाई 2026 भोजराम साहू 9893 765541 कारगिल विजय दिवस के अवसर पर आज रविवार 26 जुलाई को को सर्व समाज समरसता समिति द्वारा जैन भवन चौक में “भारत माता की भव्य आरती” का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में नगर के सामाजिक संगठनों, गणमान्य नागरिकों, युवाओं एवं मातृशक्ति ने बड़ी संख्या में भाग लेकर देशभक्ति का परिचय दिया।कार्यक्रम के मुख्य वक्ता भारतीय सेना के पूर्व सैनिक राजकुमार साहू ने कारगिल युद्ध के वीर सैनिकों के अदम्य साहस और सर्वोच्च बलिदान को याद किया। उन्होंने कहा कि कारगिल विजय भारत के स्वाभिमान, पराक्रम और राष्ट्रभक्ति का अमर प्रतीक है। उन्होंने युवाओं से “राष्ट्र प्रथम” की भावना के साथ देश सेवा के लिए तत्पर रहने का आह्वान किया।https://hamaradallirajhara.in/wp-content/uploads/2026/07/VID-20260726-WA0105.mp4इसके पश्चात उपस्थित सभी नागरिकों ने सामूहिक रूप से भारत माता की आरती की और कारगिल युद्ध के अमर शहीदों को श्रद्धासुमन अर्पित कर 2 मिनट का मौन रखकर भावभीनी श्रद्धांजलि दी। “भारत माता की जय”, “वंदे मातरम्” और “अमर शहीद अमर रहें” के उद्घोष से पूरा वातावरण देशभक्ति से गूंज उठा।https://hamaradallirajhara.in/wp-content/uploads/2026/07/VID-20260726-WA0104.mp4समिति ने बताया कि कार्यक्रम का उद्देश्य वीर शहीदों के बलिदान को स्मरण करना, राष्ट्रप्रेम की भावना को मजबूत करना और समाज में समरसता एवं राष्ट्रीय एकता का संदेश देना था। अंत में सभी नागरिकों ने राष्ट्र की एकता, अखंडता और सुरक्षा के लिए समर्पित रहने का संकल्प लिया। आइये जाने कारगिल विजय के बारे में कारगिल विजय 26 जुलाई 1999 को मिली वह ऐतिहासिक सफलता है, जब भारतीय सेना ने लद्दाख की बर्फीली और ऊंची चोटियों पर कब्जा जमाने वाले पाकिस्तानी घुसपैठियों को खदेड़कर वापस तिरंगा फहराया था। यह युद्ध मई 1999 से शुरू होकर 26 जुलाई 1999 तक (लगभग दो महीने तक) लड़ा गया था। सर्दियों के मौसम में पाकिस्तान की सेना और आतंकवादियों ने नियंत्रण रेखा (LOC) पार कर कारगिल (द्रास और बटालिक) की खाली रणनीतिक चौकियों पर कब्जा कर लिया था। भारतीय थल सेना ने इस अभियान को ऑपरेशन विजय और भारतीय वायु सेना ने ऑपरेशन सफेद सागर नाम दिया था। इस कठिन युद्ध में भारत के 527 से अधिक वीर सैनिक शहीद हुए और 1000 से अधिक घायल हुए, लेकिन जवानों ने दुश्मन से अपनी एक-एक इंच जमीन वापस छीन ली। कैप्टन विक्रम बत्रा, लेफ्टिनेंट मनोज कुमार पांडे, योगेंद्र सिंह यादव और संजय कुमार जैसे शूरवीर इस युद्ध के परमवीर चक्र विजेता बने।https://hamaradallirajhara.in/wp-content/uploads/2026/07/VID-20260726-WA0106.mp4 हर साल 26 जुलाई को देश के वीर सैनिकों के अदम्य साहस और बलिदान की याद में कारगिल विजय दिवस मनाया जाता है।Spread the lovePost navigationएग्रीस्टेट पंजीयन से किसानों में आक्रोश: छत्तीसगढ़ मुक्ति मोर्चा की बैठक में 15 नए युवा सदस्य शामिल ।