दल्ली राजहरा गुरुवार 15 अक्टूबर 2026 भोजराम साहू 9893 765541 मंजू संजय बैस के प्रयास, यशवंत जैन-चेमन देशमुख के मार्गदर्शन और CM साय के आशीर्वाद से पूरी हुई वर्षों पुरानी मांग । कुसुमकसा के विकास की दिशा में ऐतिहासिक दिन। ग्राम कुसुमकसा से रेलवे स्टेशन पहुंच मार्ग पर नाले में उच्च स्तरीय पुल एवं पहुंच मार्ग निर्माण के लिए 4 करोड़ 21 लाख 40 हजार रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति मिल गई है।इस स्वीकृति पत्र के जारी होते ही पूरे क्षेत्र में खुशी की लहर दौड़ गई। वर्षों से रेल यात्री, किसान और ग्रामीण जिस सुविधा का इंतजार कर रहे थे, अब उसका रास्ता साफ हो गया है।इस सफलता के पीछे – मंजू बैस की मेहनत इस बड़ी उपलब्धि के पीछे जनपद सदस्य मंजू संजय बैस के निरंतर प्रयासों की सबसे बड़ी भूमिका रही है। उन्होंने इस समस्या को जनहित का सबसे बड़ा मुद्दा बनाकर लगातार शासन-प्रशासन तक पहुंचाया।भाजपा के प्रदेश महामंत्री बड़े भैया यशवंत जैन और जिला अध्यक्ष चेमन देशमुख के मार्गदर्शन और आशीर्वाद से यह मांग मजबूती से आगे बढ़ी और अंततः मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कुसुमकसा की वर्षों पुरानी मांग को पूरा किया। क्यों जरूरी था ये पुल? अंग्रेजों के जमाने का था लकड़ी का पुल । कुसुमकसा रेलवे पहुंच मार्ग पर आज भी अंग्रेजों के जमाने का लकड़ी का जर्जर पुल है। इस पर से केवल पैदल और दोपहिया वाहन ही निकल पाते थे। बड़े वाहन, ट्रैक्टर-ट्रॉली और मालवाहक नहीं जा पाते थे।इससे सबसे ज्यादा परेशानी किसानों को होती थी। खाद-बीज ले जाना, फसल को स्टेशन तक पहुंचाना, सबमें भारी दिक्कत होती थी। रेल यात्रियों को भी जान जोखिम में डालकर इसी पुल से आना-जाना पड़ता था। सरकारी कागजों में कैसे आगे बढ़ी फाइल…? प्राप्त दस्तावेजों के अनुसार, जुलाई 2026 में लोक निर्माण विभाग, नवा रायपुर को पत्र क्रमांक 90025/प्र.अ./VIP/मंत्रीजी/2026 के माध्यम से इस पुल को स्वीकृत करने का विषय भेजा गया था। जिसमें नियमानुसार कार्रवाई के निर्देश दिए गए थे। उसी का परिणाम है कि अक्टूबर 2026 में शासन ने इस कार्य के लिए 4.21 करोड़ की प्रशासनिक स्वीकृति दे दी। कांग्रेस में सिर्फ घोषणा, भाजपा में मिली स्वीकृति ग्रामीणों का कहना है कि पूर्व कांग्रेस शासन में इस पुल को लेकर केवल घोषणाएं हुईं, काम धरातल पर नहीं उतरा। भाजपा सरकार में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इसे प्राथमिकता से स्वीकृत कर कुसुमकसा की जनता का दिल जीत लिया। मंजू संजय बैस ने कहा – ये जनता की जीत है जनपद सदस्य मंजू संजय बैस ने कहा – “ये मेरी नहीं, कुसुमकसा की पूरी जनता की जीत है। रेल यात्रियों और किसानों की परेशानी देखकर इसे प्राथमिकता बनाया था। जनप्रतिनिधि का काम ही जनता की आवाज को सरकार तक पहुंचाना है। मैं हृदय से माननीय मुख्यमंत्री विष्णु देव साय जी, बड़े भैया यशवंत जैन जी और बड़े भैया चेमन देशमुख जी का आभार व्यक्त करती हूँ।”संजय बैस ने भी कहा कि यह कुसुमकसा के लिए गर्व की बात है और क्षेत्र की अन्य समस्याओं के समाधान के लिए भी प्रयास जारी रहेंगे। अब क्या होगा फायदा?पुल बनने के बाद – रेलवे स्टेशन तक सीधे बड़े वाहनों की पहुंच, किसानों को फसल परिवहन में आसानी, बरसात में भी आवागमन चालू रहेगा, और ग्रामीणों को सुरक्षित और सुविधाजनक रास्ता मिलेगा।Spread the lovePost navigationNIDJAM 2026: बालोद में नेशनल इंटर डिस्ट्रिक्ट जूनियर एथलेटिक्स के लिए ट्रायल संपन्न, 13 होनहारों का चयन, हैदराबाद में दिखाएंगे दम । दल्ली राजहरा-सम्यक बौद्ध महासभा के तत्वावधान में 70 वां धम्म चक्र प्रवर्तन दिवस हर्षोल्लास के साथ मनाया गया ।